देवेन्द्र कुमार खूंटे रिपोर्टर रामपुर कोरबा

(कोरबा) नवरात्रि पर्व के पावन अवसर पर ग्राम भुलासीडीह में महिला समिति पखनापारा दरारपारा भुलासीडीह के तत्वावधान में पारंपरिक सुआ नृत्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में ग्राम सरपंच इंजर सिंह कंवर, देवेंद्र खूंटे सहित ग्रामवासियों ने सहभागिता निभाई। आयोजन के दौरान छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति और पारंपरिक रीति-रिवाजों की सुंदर झलक देखने को मिली।

सुआ नृत्य छत्तीसगढ़ की प्रमुख लोककलाओं में से एक है, जिसे विशेष रूप से महिलाएं समूह में प्रस्तुत करती हैं। इस नृत्य के माध्यम से ग्रामीण अंचल की महिलाएं अपनी सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाए रखती हैं। पारंपरिक गीतों की मधुर धुन और लयबद्ध नृत्य के साथ कार्यक्रम में उत्साह और उल्लास का माहौल बना रहा।

नवरात्रि के दौरान आयोजित इस कार्यक्रम ने धार्मिक आस्था के साथ-साथ सामाजिक एकता और आपसी भाईचारे का संदेश भी दिया। ग्रामवासियों ने मिलकर आयोजन को सफल बनाने में सहयोग किया। ऐसे सांस्कृतिक कार्यक्रम ग्रामीण क्षेत्रों में लोकपरंपराओं को संरक्षित करने और नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

कार्यक्रम के माध्यम से छत्तीसगढ़ की पारंपरिक लोककला के संरक्षण और संवर्धन का संदेश दिया गया। महिला समिति और ग्रामवासियों की सहभागिता से आयोजित इस कार्यक्रम ने गांव में सांस्कृतिक वातावरण को और अधिक उत्साहपूर्ण बनाया। सुआ नृत्य जैसी परंपराएं छत्तीसगढ़ की पहचान हैं, जिन्हें आगे बढ़ाना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।