अनुपस्थित शिक्षकों को नोटिस जारी करने के निर्देश,शिक्षा व्यवस्था में लापरवाही पर जताई नाराज़गी

कृष्णा पाण्डेय जिला ब्यूरो चीफ जीपीएम 

(गौरेला-पेंड्रा-मरवाही) जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी ने आज शनिवार को जिले के विभिन्न स्कूलों का औचक निरीक्षण किया जिसके तहत उन्होंने प्राथमिक शाला रूपनडांड और मिडिल स्कूल पकरिया का औचक निरीक्षण किया और निरीक्षण के दौरान बिना सूचना अनुपस्थित पाए गए शिक्षकों पर कड़ी कार्रवाई करते हुए उन्होंने *कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश* दिए साथ ही जो शिक्षक लंबे समय से अनुपस्थित हैं उन्हें तत्काल नोटिस जारी करने हेतु निर्देशित किया।

यहाँ पर बच्चों की पुस्तकें एवं अन्य सामग्री जिसमें साइंस किट भी शामिल है अव्यवस्थित रखे पाए जाने पर प्रधान पाठक पर गहरी नाराजगी जताई।

इसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी ने हाई स्कूल केंवची का निरीक्षण किया गया जहां पर स्कूल के प्राचार्य और अन्य स्टाफ उपस्थित रहे। यहाँ के प्राचार्य द्वारा जिला शिक्षा अधिकारी को जानकारी देते हुए बताया कि विद्यालय के स्टाफ द्वारा वीएसके ऐप के माध्यम से अपनी उपस्थिति दर्ज कराई जा रही है और बुक स्केनिंग का कार्य पूर्ण कर लिया गया है।

इसके पश्चात जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा हाई स्कूल जोगीसार का औचक निरीक्षण किया गया और शिक्षकों की उपस्थिति एवं बुक स्केनिंग की जानकारी प्राप्त की जिस पर स्कूल स्टाफ द्वारा बुक स्केनिंग में समस्या आने की जानकारी दी गई जिस पर जिला शिक्षा अधिकारी ने तत्काल संबंधित को बात कर शिक्षकों से बात कराकर समस्या का समाधान कराया गया जिसके बाद बुक स्केनिंग का कार्य शुरू हो पाया।

DEO तिवारी ने स्कूलों में बच्चों और शिक्षकों की उपस्थिति पंजी का भौतिक सत्यापन किया। साथ ही VSK ऐप पर दर्ज उपस्थिति का भी मिलान किया गया।

निरीक्षण के दौरान दिए गए निर्देश:

- *अनुपस्थित शिक्षकों को शोकाज नोटिस जारी करने के निर्देश

- *शिक्षकों और बच्चों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश 

- *बुक स्केनिंग जल्द से जल्द पूर्ण कर पाठ्यक्रम की शुरुआत समय पर करने और कक्षाओं में गुणवत्तापूर्ण शिक्षण पर जोर

- *मध्यान्ह भोजन और बुक स्कैनिंग की स्थिति की भी समीक्षा की गई

DEO रजनीश तिवारी ने कहा कि शनिवार को भी शिक्षण कार्य सुचारू रूप से चलना चाहिए। बिना सूचना स्कूल से गायब रहने वाले शिक्षकों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी विकासखंड शिक्षा अधिकारियों को भी निर्देशित किया है कि वे अपने-अपने क्षेत्र के स्कूलों का नियमित औचक निरीक्षण करें।