म्यूल बैंक खाते के जरिए साइबर ठगी की आशंका, संदिग्ध खाते में फ्रॉड की रकम मिलने पर पुलिस ने की कार्यवाही

चंद्र कुमार निणे॔जक जिला ब्यूरो चीफ बिलासपुर

(बिलासपुर) साइबर ठगी के मामलों पर अंकुश लगाने और ठगी की रकम के लेन-देन में इस्तेमाल होने वाले म्यूल बैंक खातों के खिलाफ बिलासपुर पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। इसी क्रम में थाना तारबाहर पुलिस एवं एसीसीयू (ACCU) बिलासपुर की संयुक्त टीम ने संदिग्ध बैंक खाते के मामले में कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान विश्वजीत बाली (33 वर्ष), पिता विनय कुमार, निवासी हेमू नगर, तहसीलदार गली, थाना तोरवा, बिलासपुर के रूप में हुई है।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस मुख्यालय रायपुर से प्राप्त निर्देशों के तहत म्यूल बैंक खातों की जांच कर प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। भारत सरकार के पुलिस पोर्टल पर एक्सिस बैंक के खाता क्रमांक 924020055482571 के विरुद्ध विभिन्न शिकायतें प्राप्त हुई थीं। शिकायतों के आधार पर थाना तारबाहर में अपराध क्रमांक 360/2026 दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू की गई।

जांच के दौरान बैंक खाते के स्टेटमेंट का अवलोकन करने पर उसमें फ्रॉड की राशि के साथ अन्य रकम भी जमा होने तथा यूपीआई और एटीएम के माध्यम से निकासी किए जाने की जानकारी सामने आई। इसके बाद पुलिस ने खाताधारक विश्वजीत बाली को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। मामले में पुलिस द्वारा आगे की विवेचना की जा रही है।

इन धाराओं में दर्ज हुआ अपराध: पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 61(2), 317(5), 318(4), 323 एवं 317(4) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है। पुलिस का उद्देश्य साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाले बैंक खातों की पहचान कर ऐसे मामलों में संलिप्त लोगों के विरुद्ध कार्रवाई करना है।