चितरंजन कुमार प्रसाद रिपोर्टर कटघोरा कोरबा

(कोरबा-कटघोरा) बाइसगंवा सतनामी समाज के लिए 20 सितंबर 2026 का दिन एक अहम पड़ाव बन गया। कटघोरा के मेलाग्राउंड स्थित सतनाम भवन में आयोजित बैठक में बाइसगंवा सतनामी समाज समिति का चुनाव लोकतांत्रिक प्रक्रिया के तहत संपन्न हुआ। 22 गांवों से पहुंचे करीब 100 समाजजनों की मौजूदगी ने इस चुनाव को खास बना दिया।

यह सिर्फ पदाधिकारियों के चुनाव का कार्यक्रम नहीं था, बल्कि समाज की एकता, सहभागिता और जागरूकता का भी महत्वपूर्ण अवसर रहा। समाज की मजबूती तभी संभव है, जब हर गांव, हर परिवार और हर समाजजन अपनी जिम्मेदारी को समझते हुए संगठन के साथ जुड़े और समाजहित के मुद्दों पर अपनी आवाज मजबूती से रखे।

निष्पक्ष चुनाव के लिए संभाली जिम्मेदारी

चुनाव प्रक्रिया को व्यवस्थित और निष्पक्ष रूप से संपन्न कराने के लिए पूर्व सीईओ सोनालाल कुरे को मुख्य निर्वाचन अधिकारी नियुक्त किया गया। वहीं पूर्व प्रधान पाठक भगतराम कुरे को सहायक निर्वाचन अधिकारी एवं कार्यक्रम संचालन की जिम्मेदारी दी गई।


कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व बैंक अधिकारी श्री गणेशराम चेलकर ने की। निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान समाजजनों की उपस्थिति और सहभागिता ने यह संदेश दिया कि संगठन की दिशा तय करने में समाज की भागीदारी कितनी महत्वपूर्ण है।


अध्यक्ष पद पर त्रिकोणीय मुकाबला, कुंज बिहारी टंडन की जीत


सबकी नजरें अध्यक्ष पद के चुनाव पर टिकी रहीं। अध्यक्ष पद के लिए श्री कुंज बिहारी टंडन, श्री टीकम पाल और श्री व्यास नारायण कुरे ने नामांकन दाखिल किया।


मतदान प्रक्रिया पूरी होने के बाद श्री कुंज बिहारी टंडन को विजयी घोषित किया गया। परिणाम सामने आते ही मौजूद समाजजनों में उत्साह देखने को मिला और 22 गांवों से पहुंचे ग्रामीणों ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का पुष्पहार पहनाकर स्वागत एवं अभिनंदन किया।


यह जीत अब केवल एक पद की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज की अपेक्षाओं और विश्वास को निभाने की जिम्मेदारी भी है।


ये हैं समाज के नवनिर्वाचित पदाधिकारी


अध्यक्ष: कुंज बिहारी टंडन — अरदा

उपाध्यक्ष: बाबूलाल कान्त — बिसनपुर

सचिव: श्यामलाल — दिनकर

सह सचिव: विजय कुमार खुटे — धनरास

विधिक सलाहकार: राजकुमार पटिल

मीडिया प्रभारी: सुनील कुर्रे — कटघोरा


सभी नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को आगामी बैठक में पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई जाएगी।


अब असली जिम्मेदारी शुरू—समाजहित में काम करने की उम्मीद


चुनाव खत्म हो गया, परिणाम भी सामने आ गया, लेकिन अब शुरू होती है जिम्मेदारी की असली परीक्षा।


समाज का संगठन तभी मजबूत होगा, जब पद केवल नाम के लिए नहीं बल्कि समाज की आवाज, समस्याओं और जरूरतों को सामने लाने का माध्यम बनेंगे। गांव-गांव के समाजजनों की भागीदारी, युवाओं की सक्रियता, शिक्षा के प्रति जागरूकता और आपसी सहयोग ही किसी भी समाज को आगे बढ़ाने की मजबूत नींव बन सकते हैं।


इसी दिशा में ग्राम-प्रमुख देव रत्नाकर, मूलचन्द कुरे, अधिन कुरे, रेशम भारती सहित अन्य समाजजनों ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को बधाई देते हुए समाजहित में पूरी जिम्मेदारी और एकजुटता के साथ कार्य करने की प्रेरणा दी।


समाज की ताकत उसकी एकता और जागरूकता में


बाइसगंवा सतनामी समाज समिति का यह चुनाव एक संदेश भी छोड़ गया है—समाज की तरक्की सिर्फ कुछ लोगों की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर समाजजन की सामूहिक जिम्मेदारी है।


जब समाज जागरूक होगा, युवा आगे आएंगे, गांवों की आवाज संगठन तक पहुंचेगी और सभी मिलकर सकारात्मक दिशा में काम करेंगे, तभी संगठन और मजबूत होगा।


अब नजरें इस बात पर रहेंगी कि नई टीम समाज के विश्वास और जिम्मेदारी को किस तरह आगे बढ़ाती है।


क्योंकि चुनाव एक दिन का होता है, लेकिन समाज के प्रति जिम्मेदारी पूरे कार्यकाल की होती है।