धनेश देवांगन बिलासपुर संभाग ब्यूरो चीफ

(कोरबा-बांकीमोंगरा) बांकीमोंगरा से सुतरा जाने वाले मुख्य मार्ग (कटघोरा बाईपास) पर स्थित लखनपुर गांव के पास सड़क की बदहाली को लेकर आज ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। जर्जर हो चुकी सड़क और उड़ती धूल से तंग आकर आक्रोशित ग्रामीणों ने सुबह 9 बजे से चक्काजाम कर दिया। प्रदर्शन के चलते मार्ग के दोनों ओर कोयला परिवहन करने वाले ट्रकों एवं अन्य वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। आखिरकार उत्तेजित जनता के कड़े रुख को देखते हुए SECL प्रबंधन और स्थानीय प्रशासन को मौके पर आकर झुकना पड़ा।

गड्ढों में तब्दील हुई मुख्य सड़क, धूल-गुबार से दुभर हुआ जीवन

बांकीमोंगरा से सुतरा जाने वाली इस मुख्य सड़क पर ढेलवाडीह और बगदेवा के बीच लखनपुर गांव की सड़क वर्तमान में बड़े-बड़े गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। इस जर्जर मार्ग पर आए दिन दोपहिया व चारपहिया वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं। वहीं, खराब सड़क के कारण चौबीसों घंटे उड़ती धूल और गुबार के बीच ग्रामीण नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं।


SECL की दो महत्वपूर्ण परियोजनाएं, फिर भी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ रहा प्रबंधन

ग्रामीणों का कहना है कि इसी क्षेत्र में SECL की दो महत्वपूर्ण परियोजनाएं—ढेलवाडीह और बगदेवा संचालित हैं। इस मुख्य मार्ग से दिन-रात भारी ट्रकों के माध्यम से बड़े पैमाने पर कोयले का परिवहन किया जाता है। इसके बावजूद SECL प्रबंधन सड़क की नियमित मरम्मत और रखरखाव की अपनी जिम्मेदारी से लगातार पीछे हट रहा है। उद्योग से भारी मुनाफा कमाने वाला प्रबंधन ग्रामीणों के स्वास्थ्य और सुरक्षा की पूरी तरह अनदेखी कर रहा था।

2 घंटे तक चला चक्काजाम, वाहनों की लगीं लंबी कतारे

सड़क की लगातार उपेक्षा से परेशान लखनपुर के ग्रामीणों ने एकजुट होकर सुबह 9 बजे मुख्य मार्ग को पूरी तरह जाम कर दिया। चक्काजाम के कारण सुतरा-बांकीमोंगरा-कटघोरा बाईपास पर दोनों दिशाओं में वाहनों का लंबा जाम लग गया और यातायात पूरी तरह ठप हो गया।

तहसीलदार विनय देवांगन की मौजूदगी में बनी सहमति, प्रबंधन ने दिया आश्वासन

चक्काजाम की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और SECL के अधिकारी मौके पर पहुंचे। तहसीलदार विनय देवांगन की मौजूदगी में ग्रामीणों, प्रशासनिक अधिकारियों और SECL प्रबंधन के बीच त्रिपक्षीय वार्ता आयोजित की गई।

चर्चा के दौरान प्रबंधन ने ग्रामीणों की मांगों को स्वीकार करते हुए सहमति जताई

- सड़क का विधिवत निर्माण कार्य शुरू होने तक SECL प्रबंधन द्वारा मार्ग पर नियमित रूप से पानी का छिड़काव कराया जाएगा, जिससे स्थानीय लोगों व राहगीरों को उड़ती धूल से तुरंत राहत मिल सके।


प्रशासन और SECL प्रबंधन द्वारा मिले ठोस आश्वासन के बाद करीब दो घंटे चला यह चक्काजाम ग्रामीणों ने समाप्त कर दिया, जिसके बाद मार्ग पर यातायात सामान्य हो सका। ग्रामीणों ने दो टूक चेतावनी दी है कि यदि दिए गए आश्वासनों पर त्वरित अमल नहीं हुआ, तो आने वाले समय में अनिश्चितकालीन उग्र आंदोलन किया जाएगा।