सदानंद कुमार प्रउहा सह-संपादक डीएम इंडिया न्यूज़

(कोरबा) पोड़ी-उपरोड़ा विकासखंड में 17 जुलाई 2026 को हुई तेज बारिश और आंधी ने ग्रामीण क्षेत्रों में भारी तबाही मचाई है। ग्राम सरमा, सुखरीताल, पनगवा, जलके, हरदेवा और सिंदुरगढ़ सहित कई गांवों के संपर्क मार्ग, पुल और पुलियाएं क्षतिग्रस्त हो जाने से आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो गया है। स्थिति ऐसी है कि 112 आपातकालीन सेवा, पीडीएस राशन वाहन तथा अन्य शासकीय सेवाओं के संचालन में भी कठिनाई आ रही है, जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

जिला कलेक्टर के निर्देश पर कटघोरा अपर कलेक्टर ओमकार यादव, पोड़ी-उपरोड़ा एसडीएम मनोज कुमार बंजारे, पसान तहसीलदार वीरेंद्र कुमार श्याम, पटवारी उपेंद्र शुक्ला, जनपद पंचायत सीईओ तथा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) और लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिकारियों ने प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण कर नुकसान का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान निम्न प्रमुख क्षतियां सामने आईं—

1. सरमा–पनगवा पीएमजीएसवाई मार्ग पर बकई नदी पुलिया के दोनों ओर की सुरक्षा दीवार टूट गई है तथा पुलिया और सड़क के बीच लगभग 15 मीटर का बड़ा गैप बन गया है।


2. सरमा–जलके पीडब्ल्यूडी मार्ग पर पुलिया का निर्माण नहीं होने के कारण पाइप के ऊपर से पानी बहा, जिससे सड़क और पाइप के बीच लगभग 2 फीट का कटाव हो गया।

3. बकई नदी पर सरमा–जलके मुख्य मार्ग में सड़क तथा साइड वॉल को भारी नुकसान पहुंचा है।


4. सरमा–सुखरीताल मार्ग पर पुलिया के पास मिट्टी बह जाने से सड़क फिसलनयुक्त हो गई है, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी हुई है।


5. सरमा–हरदेवा मार्ग पर बना पुल क्षतिग्रस्त हो गया है और सड़क के बीच लगभग 15 मीटर का अंतर बन गया है।


6. जलके–तनेरा ग्रामीण मार्ग की पुलिया के पास मिट्टी बह जाने से आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया है।


7. एसईसीएल निर्मित कोरबी–रानी अटारी मुख्य मार्ग पर कोरबी से सरमा तक कई बड़े गड्ढे बन गए हैं। कुछ स्थानों पर पुलिया के समीप 12 से 15 फीट तक गहरे गड्ढे होने से मार्ग बेहद खतरनाक हो गया है।


8. रानी अटारी–सिंदुरगढ़ मुख्य मार्ग पर तीन पुलियाएं एवं सड़क का हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे कई गांवों का संपर्क प्रभावित हुआ है।


निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सड़क, मकानों और फसलों को हुए नुकसान का भी आकलन किया। अपर कलेक्टर और एसडीएम ने ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों से चर्चा कर उन्हें भरोसा दिलाया कि क्षतिग्रस्त पुल-पुलियाओं और सड़कों की मरम्मत के लिए आवश्यक कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर की जाएगी, ताकि प्रभावित गांवों में जल्द से जल्द आवागमन बहाल हो सके।