धनेश देवांगन बिलासपुर संभाग ब्यूरो चीफ

(कोरबा-बालकों) अखिल विश्व गायत्री परिवार युवा संगठन "दिया" कोरबा के तत्वावधान में बालको स्थित आदर्श बाल निकेतन उच्चतर माध्यमिक विद्यालय एवं शिक्षा निकेतन हाई स्कूल में विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण और नशा मुक्ति विषय पर प्रेरणादायी कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में छात्र-छात्राओं को नशे से दूर रहकर अनुशासित, संस्कारवान और लक्ष्यपूर्ण जीवन जीने के लिए प्रेरित किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ युवा संगठन "दिया" के जिला संयोजक विजेंद्र यादव ने किया। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति ही राष्ट्र की सबसे बड़ी पूंजी है। यदि युवा संस्कारवान, चरित्रवान और नशामुक्त होंगे, तो परिवार, समाज और राष्ट्र का भविष्य सुरक्षित एवं उज्ज्वल होगा।

मुख्य वक्ता कन्हैया चौहान ने स्वामी विवेकानंद के प्रेरक विचारों का उल्लेख करते हुए विद्यार्थियों को आत्मविश्वास, अनुशासन, समय के सदुपयोग, सकारात्मक सोच और निरंतर परिश्रम को सफलता का मूल मंत्र बताया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक युवा के भीतर असीम क्षमता विद्यमान है, आवश्यकता केवल उसे पहचानकर सही दिशा में आगे बढ़ने की है।


दिया की नारी जागरण प्रांत प्रमुख सुश्री सविता साहू ने समय प्रबंधन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि समय का सही उपयोग करने वाले विद्यार्थी ही जीवन में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त करते हैं। उन्होंने रानी लक्ष्मीबाई, अहिल्याबाई होल्कर, माता जीजाबाई एवं कल्पना चावला के प्रेरक जीवन प्रसंगों के माध्यम से छात्र-छात्राओं को आत्मसम्मान, साहस, संस्कार और राष्ट्रसेवा का संदेश दिया। साथ ही सभी विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने तथा अपने परिवार और समाज को भी नशामुक्त बनाने का संकल्प दिलाया।


कार्यक्रम के समापन अवसर पर गायत्री परिवार के संरक्षक डी.के. वर्मा ने विद्यालय परिवार एवं "दिया" संगठन की पूरी टीम के प्रति आभार व्यक्त किया।


इस अवसर पर शिक्षा निकेतन पूर्व माध्यमिक शाला परसाभांठा, बालको की प्रधान पाठिका सुगंधी चौधरी, के.एल. चंद्रा, शिक्षिका नंदनी यादव, त्रिवेणी रत्नाकर, निशा रत्नाकर, अमरीका महंत तथा आदर्श बाल निकेतन उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के प्राचार्य भुवनलाल चंद्रा, भरत सिंह वर्मा सहित विद्यालय परिवार के सदस्यों ने कार्यक्रम के सफल आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।