कटघोरा में फिर मंडरा रहा हादसे का खतरा! महेशपुर में नियम विरुद्ध पटाखा कारोबार पर अफसरो की चुप्पी क्यों?

चितरंजन कुमार प्रसाद रिपोर्टर कटघोरा कोरबा

(कोरबा-कटघोरा)कटघोरा-अंबिकापुर मुख्य मार्ग पर ग्राम महेशपुर के समीप संचालित पटाखा दुकान को लेकर सुरक्षा व्यवस्था और निर्धारित नियमों के पालन पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। दुकान में सुरक्षा मानकों की अनदेखी, बिना पक्के बिल के पटाखों की बिक्री, लाइसेंस प्रदर्शित नहीं करने तथा निर्धारित नियमों के विपरीत भंडारण किए जाने की आशंकाओं को लेकर जिला प्रशासन से शिकायत कर तत्काल जांच एवं कठोर कार्रवाई की मांग की गई है।


शिकायत में कहा गया है कि मुख्य मार्ग से सटकर संचालित इस पटाखा दुकान में अग्नि सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम दिखाई नहीं दे रहे हैं। दुकान के सामने अनिवार्य रूप से प्रदर्शित किया जाने वाला लाइसेंस भी नजर नहीं आ रहा है। ऐसे में दुकान के लाइसेंस की वैधता, संचालन की अनुमति और निर्धारित सुरक्षा शर्तों के पालन की निष्पक्ष जांच आवश्यक बताई गई है।


तीन स्थानों पर पटाखों के भंडारण की आशंका, निजी आवास भी शामिल!

इस पूरे मामले में सबसे गंभीर पहलू पटाखों के संभावित अवैध भंडारण से जुड़ा है। शिकायत में यह आशंका जताई गई है कि संबंधित लोगों द्वारा तीन अलग-अलग स्थानों पर पटाखों का भंडारण किया जा रहा है, जिनमें उनका निजी आवास भी शामिल बताया जा रहा है। यदि यह जानकारी सही पाई जाती है तो यह जनसुरक्षा की दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील मामला हो सकता है। शिकायतकर्ता ने दुकान के साथ-साथ तीनों संभावित भंडारण स्थलों का भी नियमानुसार तत्काल निरीक्षण कराने की मांग की है।


बिना बिल बिक्री और मूल्य सूची को लेकर भी सवाल

शिकायत में ग्राहकों को पटाखों की कीमत स्पष्ट रूप से नहीं बताने और बिना पक्का बिल दिए बिक्री किए जाने की शिकायतों का भी उल्लेख किया गया है। इसके साथ ही दुकान में अग्निशमन उपकरणों, विद्युत सुरक्षा और आपातकालीन व्यवस्था की स्थिति की जांच कराने की मांग की गई है।


मुख्य सड़क पर वाहनों की कतार, हादसे के समय बढ़ सकता है खतरा

दुकान में पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण मुख्य मार्ग के दोनों ओर ग्राहकों के वाहनों की कतार लगने और यातायात बाधित होने की बात भी शिकायत में कही गई है। ऐसे में आगजनी अथवा किसी आपातकालीन स्थिति में दमकल और अन्य आपातकालीन वाहनों के घटनास्थल तक पहुंचने में बाधा उत्पन्न होने की आशंका जताई गई है।

कटघोरा में पहले भी हो चुकी है पटाखा दुकान में आगजनी

शिकायतकर्ता ने यह भी ध्यान दिलाया है कि कुछ माह पूर्व कटघोरा क्षेत्र में ही एक पटाखा दुकान में आगजनी की गंभीर घटना हो चुकी है। इसके बावजूद यदि इसी मार्ग पर संचालित दूसरी दुकान में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर लापरवाही बरती जा रही है, तो प्रशासन को समय रहते मामले की गंभीरता समझते हुए कार्रवाई करनी चाहिए।

संयुक्त टीम से औचक निरीक्षण और लाइसेंस निरस्त करने तक की मांग

जिलाधीश को सौंपे गए शिकायत पत्र में राजस्व, पुलिस, नगर प्रशासन, अग्निशमन विभाग एवं संबंधित विस्फोटक लाइसेंसिंग अधिकारियों की संयुक्त टीम गठित कर तत्काल औचक निरीक्षण कराने की मांग की गई है। साथ ही दुकान के लाइसेंस, भंडारण क्षमता, निर्धारित स्थान, अग्निशमन उपकरणों, विद्युत सुरक्षा और संभावित भंडारण स्थलों की जांच कराने की बात कही गई है।


शिकायत में स्पष्ट किया गया है कि जांच के दौरान नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर दुकान का संचालन तत्काल बंद कराने, लाइसेंस निलंबित अथवा निरस्त करने तथा संबंधित संचालक के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही शिकायत पर की गई जांच और कार्रवाई की लिखित जानकारी भी उपलब्ध कराने की मांग की गई है।

अब प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी निगाहें

पटाखों का कारोबार अत्यधिक संवेदनशील है, जहां छोटी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। ऐसे में ग्राम महेशपुर के समीप संचालित पटाखा दुकान को लेकर उठे इन सवालों पर जिला प्रशासन की भूमिका महत्वपूर्ण हो जाती है। अब देखना होगा कि प्रशासन शिकायत को कितनी गंभीरता से लेते हुए संयुक्त जांच कराता है और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए क्या कदम उठाता है।