वार्ड 52 के निर्वाचित पार्षद बोले—अपने ही वार्ड के कार्यक्रम में जनप्रतिनिधि के रूप में सम्मानजनक स्थान मिलना चाहिए था

चंद्र कुमार निणे॔जक जिला ब्यूरो चीफ बिलासपुर

(बिलासपुर) लिंगियाडीह(अपोलो चौक) में भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी की जिला शाखा द्वारा नवनिर्मित रेडक्रॉस मेडिकल शॉप एवं प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्र का लोकार्पण 4 नवंबर को किया जाना है। क्षेत्रवासियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में इसे महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है,लेकिन कार्यक्रम से पहले जारी आमंत्रण पत्र को लेकर विवाद की स्थिति निर्मित हो गई है।दरअसल,वार्ड क्रमांक 52 में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम के आमंत्रण पत्र में क्षेत्र के निर्वाचित पार्षद दिलीप पाटिल का नाम शामिल नहीं किया गया है।इसे लेकर स्थानीय स्तर पर सवाल उठने लगे हैं। आमंत्रण पत्र में मुख्य अतिथि के रूप में बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला,कार्यक्रम की अध्यक्षता के लिए महापौर पूजा विधानी तथा विशिष्ट अतिथियों में जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी,कलेक्टर संजय अग्रवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों के नाम दर्ज हैं। हालांकि,संबंधित वार्ड के निर्वाचित पार्षद को स्थान नहीं दिया गया है।

इस मामले पर पार्षद दिलीप पाटिल ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि "मैं वार्ड क्रमांक 52 का निर्वाचित पार्षद हूं। जिस वार्ड में यह कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है,वहां के जनप्रतिनिधि होने के नाते प्रोटोकॉल के अनुसार आमंत्रण पत्र में मेरा नाम शामिल होना चाहिए था। यह केवल नाम का विषय नहीं है,बल्कि निर्वाचित जनप्रतिनिधि के सम्मान और जनप्रतिनिधित्व की गरिमा से जुड़ा मामला है।"

गौरतलब है कि दिलीप पाटिल पिछले करीब एक वर्ष से लिंगियाडीह बचाओ आंदोलन का नेतृत्व कर रहे हैं। क्षेत्र के निवासियों की समस्याओं,उनके अधिकारों और स्थानीय मुद्दों को लेकर वे लगातार सक्रिय रहे हैं। ऐसे में उनके ही वार्ड में आयोजित होने वाले महत्वपूर्ण सार्वजनिक कार्यक्रम के आमंत्रण पत्र से उनका नाम गायब होना कई सवाल खड़े कर रहा है।अब चर्चा इस बात को लेकर है कि क्या आमंत्रण पत्र तैयार करते समय आयोजकों से अनजाने में चूक हुई है या फिर वार्ड के निर्वाचित प्रतिनिधि को जानबूझकर नजरअंदाज किया गया है। फिलहाल आयोजकों की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। रेडक्रॉस मेडिकल शॉप एवं प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्र का शुभारंभ निश्चित रूप से क्षेत्र के नागरिकों के लिए उपयोगी साबित हो सकता है,लेकिन कार्यक्रम के आमंत्रण पत्र में स्थानीय निर्वाचित प्रतिनिधि की अनुपस्थिति ने आयोजन से पहले ही प्रोटोकॉल और जनप्रतिनिधियों के सम्मान को लेकर नई बहस छेड़ दी है।