अमर भारद्वाज सह-स्टेट हेड छत्तीसगढ़ डीएम इंडिया न्यूज़ 

(कोरबा)दीपका कोयलांचल क्षेत्र में कार्यरत ठेका कंपनी कलिंगा कमर्शियल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (केसीसीएल) के खिलाफ श्रमिकों का आक्रोश सोमवार को खुलकर सामने आया। कंपनी पर श्रम नियमों के उल्लंघन, निर्धारित मजदूरी नहीं देने और श्रमिकों के अधिकारों का हनन करने का आरोप लगाते हुए बड़ी संख्या में मजदूर अर्धनग्न होकर साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) दीपका क्षेत्र के महाप्रबंधक कार्यालय पहुंचे और अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा।

श्रमिकों का आरोप है कि कंपनी हाई पावर कमेटी (एचपीसी) की निर्धारित दरों के अनुसार भुगतान नहीं कर रही है, जिससे मजदूरों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। उनका कहना है कि दीपका क्षेत्र में कार्यरत माइनिंग सुपरवाइजर, मैकेनिक और हेल्पर्स को कोल इंडिया के नियमों के अनुरूप मजदूरी नहीं दी जा रही, जो अनुबंध की शर्तों और श्रम कानूनों का गंभीर उल्लंघन है।


प्रदर्शन के दौरान श्रमिकों ने कहा कि यदि कंपनी अपने लाभ के लिए नियमों की अनदेखी कर सकती है, तो वे भी अपने अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष करने से पीछे नहीं हटेंगे। मजदूरों ने बताया कि कई बार मांगें उठाने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं किया गया, जिसके कारण उन्हें विरोध का यह रास्ता अपनाना पड़ा।


ज्ञापन के माध्यम से श्रमिकों ने एसईसीएल प्रबंधन और कंपनी को 5 दिनों का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने मांग की है कि 13 जून 2026 तक उनकी समस्याओं का समाधान किया जाए। अन्यथा 14 जून 2026 से खदान क्षेत्र के चांदनी चौक तथा केसीसी कैंप गेट पर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की जाएगी और कंपनी का कार्य पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा।


प्रदर्शन में बड़ी संख्या में माइनिंग स्टाफ, सुपरवाइजर, मैकेनिक और हेल्पर्स शामिल रहे। मजदूरों ने चेतावनी दी कि मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।